
राष्ट्रपति के नाम एसडीएम को सोंपा मांग पत्र।
फुलेरा (दामोदर कुमावत)
आस्था, श्रद्धा और संकल्प का एक अद्भुत संगम सोमवार को सांभर की सड़कों पर देखने को मिला। ‘गौ सम्मान अभियान’ के तहत आयोजित एक विशाल रैली ने न केवल शहर की गलियों को नारों से गुंजा दिया,

बल्कि प्रशासन के जरिए देश के सर्वोच्च पद तक अपनी मांग पहुँचाई। रैली कागज गट्टानी गार्डन में गौ माता की सामूहिक पूजा-अर्चना और भव्य महा आरती के साथ हुआ। हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति में पूरा वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया। यहाँ से शुरू हुई यात्रा में साधु-संतों और प्रसिद्ध गौ कथा वाचक कंचन दीदी का सान्निध्य श्रद्धालुओं के जोश को दोगुना कर रहा था।

सैकड़ों की संख्या में युवा, महिलाएं और बुजुर्ग हाथों में तख्तियां लिए जब सड़कों पर उतरे, तो हर तरफ बस एक ही स्वर था:
“गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा दो”। “गौ हत्या बंद हो, गौ रक्षा हमारा धर्म है!”हजारों भक्तों के साथ उपखंड कार्यालय पहुँचने से पूर्व आयोजित धर्मसभा में संत विपिन दास महाराज और सुरेन्द्र गिरी महाराज ने समाज को झकझोरते हुए कहा कि सनातन धर्म में गौ माता का स्थान सर्वोच्च है। उन्होंने वर्तमान संकट पर चिंता जताते हुए हर सनातनी को एकजुट होकर गौ संरक्षण के लिए आगे आने की अपील की। रैली के अंत में भक्तों का जत्था उपखंड कार्यालय पहुँचा, जहाँ उपखंड अधिकारी ऋषिराज कपिल को राष्ट्रपति के नाम मांग पत्र सौंपा गया।

पत्र में मुख्य रूप से तीन मांगें उठाई गईं:1. गौ माता को आधिकारिक तौर पर ‘राष्ट्र माता’ घोषित किया जाए।2.गौवंश के संरक्षण के लिए कठोर कानून बनाए जाएं।3.गौशालाओं को पर्याप्त संसाधन और सहायता उपलब्ध कराई जाए। यह केवल एक रैली नहीं, बल्कि बेजुबान गौवंश की सुरक्षा के लिए समाज के हर वर्ग की एक सामूहिक पुकार थी। गौरक्षा दल, विभिन्न संगठनों और धर्माचार्यों के सहयोग से हुआ यह प्रदर्शन सरकार के लिए एक बड़ा संदेश है।

Author: Aapno City News




