
चार जोड़ी ट्रेनों के डिब्बों पर प्रमुख कंपनियों की विनाइल रैपिंग से बढ़ेगी गैर-भाड़ा आय

मेडतासिटी (तेजाराम लाडणवा )

उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल द्वारा गैर-भाड़ा राजस्व नीति (एनएफआर पॉलिसी) के तहत आय बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। इसके अंतर्गत मंडल से संचालित चार जोड़ी प्रमुख ट्रेनों के डिब्बों पर प्रतिष्ठित कंपनियों की विनाइल रैपिंग (विज्ञापन स्टिकर) लगाई जाएगी। इस योजना से जोधपुर मंडल को प्रतिवर्ष लगभग 60 लाख रुपए का अतिरिक्त राजस्व प्राप्त होने का अनुमान है।
जोधपुर मंडल के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक हितेश यादव ने बताया कि एनएफआर पॉलिसी के अंतर्गत जिन ट्रेनों का चयन किया गया है, उनमें ट्रेन संख्या 14888/14887 बाड़मेर–ऋषिकेश–बाड़मेर, 22481/22482 जोधपुर–दिल्ली सराय रोहिल्ला–जोधपुर, 14854/14864/14866 एवं 14853/14863/14865 जोधपुर–वाराणसी सिटी–जोधपुर (मरुधर एक्सप्रेस) तथा 12466/12464 जोधपुर–इंदौर–जोधपुर (रणथंबोर सुपरफास्ट एक्सप्रेस) शामिल हैं।
इन ट्रेनों के कोचों पर विज्ञापन स्टिकर लगाए जाने से रेलवे की गैर-भाड़ा आय में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। उन्होंने बताया कि रणथंबोर सुपरफास्ट एक्सप्रेस के कोचों पर विनाइल रैपिंग के लिए टेंडर जारी किया जा चुका है, जबकि अन्य चयनित ट्रेनों के लिए टेंडर प्रक्रिया प्रगति पर है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस योजना से प्राप्त होने वाले अतिरिक्त राजस्व का उपयोग यात्री सुविधाओं के विस्तार, स्टेशन विकास तथा अन्य आधारभूत संरचना संबंधी कार्यों में किया जाएगा। उत्तर पश्चिम रेलवे का यह प्रयास संसाधनों के प्रभावी उपयोग के साथ-साथ आत्मनिर्भर रेलवे की दिशा में एक सशक्त कदम माना जा रहा है।

Author: aapnocitynews@gmai.com




