

भव्य धार्मिक आयोजन की तैयारी
भक्त शिरोमणि श्री श्रीयादे माता की जन्म जयंती पर अजमेर में निकलेगी भव्य शोभायात्रा, अनेक धार्मिक व सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे
अजमेर (तेजाराम लाडणवा)
प्रजापति समाज की सतयुग की प्रथम आराध्य देवी, भक्त शिरोमणि श्री श्रीयादे माता की जन्म जयंती के अवसर पर अजमेर में इस वर्ष भी श्रद्धा, भक्ति और सामाजिक एकता का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा। श्री श्रीयादे माता मंदिर, छात्रावास व साहित्य संग्रह केन्द्र, घूघरा घाटी (जयपुर रोड) अजमेर द्वारा श्रीयादे माता जयंती महोत्सव 2026 एवं प्रजापति छात्रावास उद्घाटन का भव्य आयोजन किया जा रहा है।
यह महोत्सव मंगलवार, 20 जनवरी 2026 (माघ सुदी 2, संवत 2082) को श्री श्रीयादे माता मंदिर प्रांगण में धूमधाम से मनाया जाएगा। आयोजन को लेकर समाज में विशेष उत्साह का माहौल है और बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।
शोभायात्रा व कलश यात्रा रहेगी आकर्षण का केंद्र
जयंती के अवसर पर कलश यात्रा एवं वाहन रैली का आयोजन प्रातः 9 बजे किया जाएगा, जो जवाहर रंगमंच, अजमेर से प्रारंभ होकर शास्त्री नगर, जवाहर नगर, पुलिस लाइन, बोर्ड ऑफिस होते हुए घूघरा घाटी स्थित श्री श्रीयादे माता मंदिर पहुंचेगी। शोभायात्रा में भजन-कीर्तन, धार्मिक झांकियां और समाज के विभिन्न वर्गों की सहभागिता कार्यक्रम को भव्य स्वरूप प्रदान करेगी।
दो दिवसीय कार्यक्रमों की रूपरेखा
सोमवार, 19 जनवरी 2026 (माघ सुदी 1)
- रात्रि 9 बजे से भजन संध्या – “एक शाम श्रीयादे माता के नाम”
मंगलवार, 20 जनवरी 2026 (माघ सुदी 2)
- प्रातः 9 बजे: कलश यात्रा एवं वाहन रैली
- प्रातः 11 बजे: प्रजापति छात्रावास का उद्घाटन
- प्रातः 11.15 बजे: महाआरती एवं पूजा
- दोपहर 12.30 बजे: सांस्कृतिक कार्यक्रम
- दोपहर 2 से 4 बजे: भोजन प्रसादी
गणमान्य अतिथियों की रहेगी उपस्थिति
महोत्सव के मुख्य अतिथि वासुदेव देवनानी (राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष) होंगे। कार्यक्रम में अजमेर व प्रदेश स्तर के कई जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, शिक्षाविद्, सामाजिक एवं धार्मिक हस्तियां विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगी। संत-महात्माओं के प्रवचन, आशीर्वचन और कथा वाचन से श्रद्धालु आध्यात्मिक लाभ प्राप्त करेंगे।
समाज से सहभागिता की अपील
आयोजक संस्था की ओर से समस्त प्रजापति समाज बंधुओं से अपील की गई है कि वे अवकाश लेकर सपरिवार इस पावन आयोजन में सहभागी बनें और तन-मन-धन से सहयोग देकर महोत्सव को ऐतिहासिक एवं सफल बनाएं।
यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि सामाजिक एकता, सांस्कृतिक विरासत और शिक्षा के प्रति समाज की प्रतिबद्धता को भी सशक्त रूप से प्रस्तुत करता है।

Author: aapnocitynews@gmai.com





