
रिया चौहान बनीं ‘बालिका संसद’ की प्रधानमंत्री।
फुलेरा (दामोदर कुमावत): ग्रामीण अंचलों में महिला नेतृत्व और सशक्तिकरण की एक नई इबारत लिखी गई है। निर्माण संस्था खंडेल के तत्वावधान में आयोजित ‘बालिका संसद निर्वाचन दिवस 2026-27’ ने साबित कर दिया कि अगर अवसर मिले, तो बेटियाँ देश चलाने का हुनर भी रखती हैं।

निर्माण संस्था खंडेल निदेशक रामेश्वर लाल वर्मा ने बताया कि
16 गाँवों की 292 किशोरियों की मौजूदगी में पूरी तरह लोकतांत्रिक और पारदर्शी मतदान प्रक्रिया अपनाई गई। इस रोमांचक चुनाव में काजीपुरा की रिया चौहान ने बाजी मारी और बालिका संसद की प्रधानमंत्री चुनी गईं। उनके साथ सात सदस्यीय सशक्त मंत्रिमंडल का गठन हुआ:

प्रधानमंत्री रिया चौहान ग्राम काजीपुरा , अध्यक्षा निशा प्रजापत भैंसलाना,वित्त मंत्री मीनाक्षी प्रजापत सिनोदिया ,
शिक्षा मंत्री दुर्गा सांभरिया काजीपुरा , संगठन एवं जन संपर्क मंत्री सिमरन राठौर भैंसलाना, सामाजिक न्याय मंत्री शिवानी सांखला जैतपुरा ,
योजना मंत्री प्रियंका वर्मा भाटीपुरा | इस आयोजन में खंडेल, भैंसलाना, मुंडवाड़ा और त्योदा सहित कुल 16 गाँवों की 17 से 23 वर्ष की बालिकाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कुल 51 सांसदों का चयन किया गया, जिन्हें निर्माण संस्था के उपाध्यक्ष मांगीलाल ने पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।

विशेषज्ञों का मार्गदर्शन कार्यक्रम में तालुका विधिक सेवा समिति (सांभर लेक) से शंकर लाल और संस्था निदेशक रामेश्वर लाल वर्मा ने बालिकाओं को उनके कानूनी अधिकारों और कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने संकल्प लिया कि बेटियों के विकास के लिए ‘बालिका संसद’ के माध्यम से भविष्य में भी ऐसे सशक्त कार्यक्रम जारी रहेंगे।
इस अवसर पर पूर्व सरपंच कमला वर्मा सहित संस्था के समस्त स्टाफ और ग्राम सहेलियों ने नवनिर्वाचित मंत्रिमंडल का उत्साहवर्धन किया।”आज की बेटियाँ, कल की लीडर्स” 16 गाँवों की 292 बालिकाओं ने मिलकर चुनी अपनी सरकार। लोकतंत्र के इस उत्सव में रिया चौहान बनीं प्रधानमंत्री। अब बदलाव की कमान बेटियों के हाथ में ।

Author: Aapno City News




